धोखा पर चित्र/छाया शायरी
माशूक़ की एक सिफ़त उस
का फ़रेबी होना भी है। वो हर मआमले में धोखे-बाज़ साबित होता है। वस्ल का वादा करता है लेकिन कभी वफ़ा नहीं करता है। यहाँ माशूक़ के फ़रेब की मुख़्तलिफ़ शक्लों को मौज़ू बनाने वाले कुछ शेरों का इन्तिख़ाब हम पेश कर रहे हैं इन्हें पढ़िये और माशूक़ की उन चालाकियों से लुत्फ़ उठाइये।
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इश्क़और 2 अन्य
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ज़र्बुल-मसलऔर 1 अन्य
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आँखऔर 1 अन्य
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उम्मीदऔर 1 अन्य
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इश्क़और 1 अन्य
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बेवफ़ाईऔर 1 अन्य