Font by Mehr Nastaliq Web

aaj ik aur baras biit gayā us ke baġhair

jis ke hote hue hote the zamāne mere

रद करें डाउनलोड शेर

अक़ीदत पर नअत

अफ़्साना-ए-कलीम है दौर-ए-कुहन की बात

जमील अहमद क़ादरी सालिमी गुन्नौरी

मिरे नबी का अगर दिल में नाम ख़ुश्बू दे

जमील अहमद क़ादरी सालिमी गुन्नौरी

हमारा शुग़्ल जो ज़िक्र-ए-रसूल हो जाए

जमील अहमद क़ादरी सालिमी गुन्नौरी

अपने क़लम से पहले मैं हम्द-ए-ख़ुदा लिखूँ

जमील अहमद क़ादरी सालिमी गुन्नौरी

हर तरफ़ से आ रही है बू-ए-ख़त्म-उल-मुर्सलीं

जमील अहमद क़ादरी सालिमी गुन्नौरी

तिरा ज़िक्र है अज़ल से तिरी शान ला-बुदी है

जमील अहमद क़ादरी सालिमी गुन्नौरी

हुआ ख़ुद सर-ब-सज्दा घर ख़ुदा का

जमील अहमद क़ादरी सालिमी गुन्नौरी

इस तरह तसव्वुर में सरकार नज़र आए

जमील अहमद क़ादरी सालिमी गुन्नौरी
बोलिए