उर्दू की हिंदुस्तानी बुनियाद: खड़ी बोली से आधुनिक ज़बान तक का सफ़र
उर्दू एक ख़ालिस (शुद्ध) हिंद-आर्याई ज़बान है जिसकी बुनियाद खड़ी बोली पर है, और इसे महज़ अरबी या फ़ारसी का हिस्सा समझना इसकी भाषाई पहचान के साथ ना-इंसाफ़ी है।
aaj ik aur baras biit gayā us ke baġhair
jis ke hote hue hote the zamāne mere
उर्दू एक ख़ालिस (शुद्ध) हिंद-आर्याई ज़बान है जिसकी बुनियाद खड़ी बोली पर है, और इसे महज़ अरबी या फ़ारसी का हिस्सा समझना इसकी भाषाई पहचान के साथ ना-इंसाफ़ी है।