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aaj ik aur baras biit gayā us ke baġhair

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निज़ाम रामपुरी

1819 - 1872 | रामपुर, भारत

दबिस्तान-ए-रामपुर के प्रमुख शायर, मिर्ज़ा ग़ालिब ने "मीर-ए-रामपुर" की उपाधि से संबोधित किया

दबिस्तान-ए-रामपुर के प्रमुख शायर, मिर्ज़ा ग़ालिब ने "मीर-ए-रामपुर" की उपाधि से संबोधित किया

निज़ाम रामपुरी की ग़ज़लें

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